मुंगेली, 29 दिसम्बर 2025 । शासन द्वारा राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम अंतर्गत चिरायु योजना का संचालन किया जा रहा है। कार्यक्रम अंतर्गत 0 से 18 वर्ष तक की आयु के बच्चे जो जन्मजात कटे-फटे होंठ, मोतियाबिंद, टेढ़े-मेढ़े हाथ पैर, श्रवण बाधा सहित विभिन्न प्रकार की बीमारी तथा विकृति पर निःशुल्क उपचार होता है। कलेक्टर कुन्दन कुमार के निर्देशानुसार चिरायु टीम द्वारा ऐसे प्रकरणों पर तत्काल उपचार और सहायता शुरू की जाती है।मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. शीला साहा ने बताया कि योजना के तहत 03 माह के बच्ची तान्या पटेल के कटे-फटे होंठ का निःशुल्क सफल ऑपरेशन कराया गया। चिरायु दल द्वारा नियमित स्वास्थ्य परीक्षण के दौरान तान्या पटेल में जन्मजात कटे-फटे होंठ की पहचान की गई। इसके पश्चात चिरायु दल ने तान्या के पिता चरण पटेल को ऑपरेशन एवं उपचार की संपूर्ण प्रक्रिया के बारे में विस्तार से जानकारी दी। परिजनों की सहमति प्राप्त होने के बाद बच्चे को उपचार हेतु बिलासपुर हॉस्पिटल ले जाया गया, जहां विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा ऑपरेशन की सलाह दी गई।जिला कार्यक्रम प्रबंधक, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन डॉ. गिरीश कुर्रे के मार्गदर्शन में निर्धारित तिथि पर तान्या पटेल को अस्पताल में भर्ती कर विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा कटे-फटे होंठ का सफल ऑपरेशन किया गया। ऑपरेशन पूर्णतः सुरक्षित एवं सफल रहा, जिससे तान्या पटेल को एक नई मुस्कान मिली और परिजनों के चेहरे पर भी खुशी लौट आई। इस निःशुल्क उपचार को लेकर परिजनों ने शासन, स्वास्थ्य विभाग एवं चिरायु दल के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि चिरायु योजना उनके लिए किसी वरदान से कम नहीं है। महंगे इलाज की चिंता से मुक्त होकर उनके बच्चे को समय पर बेहतर स्वास्थ्य सुविधा प्राप्त हो सकी। उपचार प्रक्रिया में चिरायु नोडल अधिकारी डॉ. कमलेश कुमार, विकासखण्ड चिकित्सा अधिकारी डॉ. अमित लाल, विकासखण्ड कार्यक्रम प्रबंधक निमिष मिश्रा, डॉ. अखिलेश बंजारे एवं चिरायु टीम के डॉ. ज्योति पाण्डेय, डॉ. शैलेन्द्र बासंती सहित अन्य चिकित्सकगण शामिल रहे। Post navigationजनपद पंचायत अकलतरा में 46.58 करोड़ का मनरेगा लेबर बजट का अनुमोदन सघन कुष्ठ खोज अभियान: 35 से अधिक मरीजों की जांच कर दी गई दवाई एवं परामर्श