कवर्धा – लोगों के आस्था एवं श्रद्धा का केंद्र है माँ दुल्हिन दाई का मन्दिर | ग्राम बहरमुड़ा में स्थित है माँ दुल्हिन दाई का मन्दिर | उल्लेखनीय है कि ग्राम बहरमुड़ा जिला कबीरधाम के जनपद पंचायत कवर्धा का एक ग्राम है | जिला मुख्यालय से लगभग बीस किलोमीटर की दूरी पर यह ग्राम स्थित है | कवर्धा रायपुर राष्ट्रीय मार्ग में लगभग बीस किलोमीटर चलने के बाद ग्राम पनेका से बाँई ओर मुड़कर ग्राम बहरमुड़ा जाना एक सुविधाजनक रास्ता है | ग्राम पनेका से लगभग दो किलोमीटर की दूरी पर यह मन्दिर स्थित है | माँ दुल्हिन दाई के मुख्य मन्दिर में पहुँचने पर चारों ओर प्राकृतिक वातावरण का एहसास होता है | मन्दिर के पीछे बहुत बड़ा जलाशय है | इस जलाशय को बहरमुड़ा जलाशय के नाम से जाना जाता है | मन्दिर के सामने पक्की सड़क है और सड़क के किनारे कृषि भूमि है उसमे लगे कुछ सुंदर वृक्ष आसपास के वातावरण को सुंदर बनाते हैं | मुख्य मन्दिर के बाँये ओर भगवान् शिव का मन्दिर है | इस शिवालय के करीब भगवान् शनिदेव का भी मन्दिर है | छह दानदाता ऐसे लोग हैं जिन्होंने तांबे का कलश मन्दिर को दान में दिया है | इनके द्वारा दिये गए ताम्बा कलशों की संख्या तैतीस है | वर्ष 2024 -25 में यहाँ विभिन्न गाँवों एवं शहरों के 308 श्रद्धालुओ ने ज्योति जलवाया | माँ दुल्हिन दाई का मन्दिर पहुँचने के बाद माता का दर्शन करने के पश्चात मानसिक एवं आत्मिक शांति का एहसास होता है |Post navigationमुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना : महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा आयोजित सामूहिक विवाह जुनवानी मंदिर प्रांगण में 40 जोड़े परिणय सूत्र में बंधे लिये सात फेरे प्रख्यात अंतरराष्ट्रीय शिव भजन गायक हंसराज रघुवंशी ने भोरमदेव मंदिर में की पूजा अर्चना