जांजगीर-चांपाछत्तीसगढ़

शिक्षा की गुणवत्ता पर जोर, शिक्षकों को दी जाएगी नियमित ट्रेनिंग

कलेक्टर जन्मेजय महोबे ने ली शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक

जांजगीर-चांपा , 26 सितम्बर 2025 । कलेक्टर जन्मेजय महोबे ने शुक्रवार को शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक ली और विद्यालयों में शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने पर विशेष जोर दिया। बैठक में शिक्षा की गुणवत्ता, विद्यालयों की जिम्मेदारी, बच्चों की पढ़ाई और शिक्षकों के दायित्व को लेकर गहन चर्चा की गई। उन्होंने कक्षा 5वीं, 8वीं, 10वीं और 12वीं के परीक्षा परिणामों का विश्लेषण करते हुए शिक्षा अधिकारियों और प्राचार्यों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शिक्षकों को नियमित प्रशिक्षण दिया जाएगा, ताकि वे अपने विषय एवं कौशल से जुड़ी नई-नई जानकारियां हासिल कर विद्यार्थियों को लाभ पहुँचा सकें। उन्होंने साफ-सफाई, अधोसंरचना, शिक्षा की गुणवत्ता और विद्यालय परिसर को स्वच्छ बनाए रखने पर विशेष जोर दिया।

कलेक्टर ने कहा कि जिन विद्यालयों का परीक्षा परिणाम इस वर्ष कम आया है, वहाँ नियमित मॉनिटरिंग की जाएगी और शिक्षकों को मेहनत कर आगामी सत्र में बेहतर परिणाम देने होंगे। उन्होंने प्रयोगशालाओं में नियमित प्रैक्टिकल कराने और स्मार्ट क्लास-लैब की प्रभावी उपयोगिता पर भी जोर दिया। बैठक में उन्होंने निर्देश दिए कि विद्यालय परिसर में अनावश्यक सामग्री हटाने व मरम्मत कार्यों को गंभीरता से पूर्ण करने के निर्देश दिए। साथ ही विद्यालयों के आसपास से अतिक्रमण हटाने और बिजली के खंभों को नियमानुसार हटाने व सुरक्षित करने के निर्देश संबंधित अधिकारी को दिए। कलेक्टर ने कहा कि शिक्षा के साथ-साथ खेलकूद और सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों का भी नियमित आयोजन किया जाए, जिससे बच्चों में खिलाड़ी भावना विकसित हो और वे आगे बढ़ सकें। उन्होंने विशेष रूप से दिव्यांग और कमजोर बच्चों पर ध्यान देने तथा उन्हें प्रोत्साहन देने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को नवोदय, आर्मी स्कूल और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए शिक्षकों को मार्गदर्शन देना होगा। विद्यालयों में संचालित सभी गतिविधियों को समय-समय पर शिक्षा विभाग के पोर्टल पर अपलोड करने के निर्देश भी दिए।

कलेक्टर ने कहा कि विद्यार्थियों से संबंधित छात्रवृत्ति के सभी प्रकरणों पर प्राथमिकता के साथ कार्य किया जाए, उन्होंने यह भी कहा कि नवोदय विद्यालयों में विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं की बेहतर तैयारी के लिए विशेष मार्गदर्शन और संसाधन उपलब्ध कराए जाएं। कलेक्टर ने मध्याह्न भोजन की समीक्षा करते हुए कहा कि बच्चों को गुणवत्तायुक्त और पोषक भोजन उपलब्ध कराया जाए। भोजन परोसने से पूर्व शिक्षक, अभिभावक या शिक्षा समिति द्वारा भोजन की जांच अनिवार्य रूप से की जाए। कलेक्टर ने कहा कि शिक्षा की गुणवत्ता सुधारना हम सबकी जिम्मेदारी है। यदि किसी भी स्तर पर समस्या आती है तो उसका समाधान समन्वय और सकारात्मक दृष्टिकोण से किया जाए। इस दौरान उन्होंने कस्तूरबा आवासीय विद्यालय की भी समीक्षा की और विभिन्न विषयों पर चर्चा करते हुए आवश्यक दिशा निर्देश दिए। बैठक में पाठ्यपुस्तक, गणवेश वितरण, छात्रवृत्ति, जवाहर नवोदय विद्यालय प्रवेश परीक्षा एवं एनएमएमएस परीक्षा की तैयारी, एक पेंड मां के नाम, स्वच्छ विद्यालय एवं हरित विद्यालय तथा स्वच्छता पखवाड़ा की समीक्षा की। बैठक में जिला पंचायत सीईओ गोकुल रावटे, जिला शिक्षा अधिकारी अश्वनी भारद्वाज, डीएमसी आर के तिवारी, सर्व बीईओ सहित संबंधित अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।

 

Shailendra Gupta

supersamarthankichitthi.in छत्तीसगढ़ आधारित न्यूज़ पोर्टल है, जो राजनीति, शिक्षा, खेल, मनोरंजन और स्थानीय खबरों की ताज़ा व विश्वसनीय जानकारी प्रदान करता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button