कवर्धा, 02 मई 2026। सुशासन तिहार से कवर्धा निवासी केदारी साहू के जीवन में फिर से मुस्कान लौट आई है। दिव्यांग साहू को सिर्फ मोटराइज्ड ट्राइसाइकिल ही नहीं, फिर से काम शुरू करने का भी हौसला मिला है। मोटराइज्ड ट्रायसाइकिल मिलने से अब उन्हें आने-जाने में आसानी होगी और वे अपना पुराना काम दोबारा शुरू कर सकेंगे। इससे उनकी आय के साधन फिर से मजबूत होगा और परिवार की स्थिति में भी सुधार आएगा। सुशासन तिहार के माध्यम से शासन की संवेदनशील पहल लोगों के जीवन में नई उम्मीद जगा रही है।नगर पालिका कवर्धा के वार्ड क्रमांक 04 निवासी केदारी साहू पढ़े-लिखे नहीं हैं और शासकीय प्रक्रियाओं की जानकारी भी उन्हें नहीं थी। वे बताते हैं कि उन्हें यह भी पता नहीं था कि आवेदन कैसे करना है और किन दस्तावेजों की आवश्यकता होती है। जब उन्हें सुशासन तिहार शिविर की जानकारी मिली, तब वे अपने बेटे के साथ शिविर पहुंचे और अपनी समस्या अधिकारियों के सामने रखी। केदारी साहू पहले घड़ी एवं इलेक्ट्रॉनिक सामान की घर-घर जाकर मरम्मत का कार्य करते थे, जो उनके परिवार की आजीविका का मुख्य साधन था। लेकिन आवागमन के लिए उपयुक्त साधन नहीं होने के कारण उनका काम प्रभावित हो गया और धीरे-धीरे बंद होने की स्थिति में पहुंच गया। इससे परिवार की आर्थिक स्थिति पर भी असर पड़ा।सुशासन तिहार शिविर में समाज कल्याण विभाग द्वारा उनके आवेदन पर त्वरित कार्यवाही करते हुए उन्हें तत्काल मोटराइज्ड ट्रायसाइकिल प्रदान की गई। इस सहायता से केदारी साहू के जीवन में नई उम्मीद जागी है। अब वे आसानी से आवागमन कर सकेंगे और पुनः अपने स्वरोजगार को शुरू कर पाएंगे। मोटराइज्ड ट्रायसाइकिल मिलने से केदारी साहू और उनके बेटे के चेहरे पर खुशी साफ झलक रही थी। उन्होंने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह सहयोग उनके लिए नई राह और नई शुरुआत लेकर आया है। अब वे आत्मनिर्भर बनकर अपने परिवार का भरण-पोषण बेहतर तरीके से कर सकेंगे। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की पहल पर आयोजित सुशासन तिहार 2026 लोगों के जीवन में राहत और बदलाव लेकर आ रहा है। इस अभियान के तहत आम नागरिकों की समस्याओं का तेजी से समाधान किया जा रहा है। Post navigationस्कूटी पर निकले उप मुख्यमंत्री अरुण साव, नगर भ्रमण कर विकास कार्यों का लिया जायजा सही दवा-शुद्ध आहार, यही छत्तीसगढ़ का आधार